बाल विवाह रोकने को विभागों में बेहतर समन्वय पर जोर
बहराइच 16 सितंबर। बाल विवाह रोकने, किशोर-किशोरियों की शिक्षा को बढ़ावा देने तथा सही उम्र में विवाह एवं गर्भधारण के साथ मातृ-शिशु स्वास्थ्य में सुधार के लिए विभागों के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया गया। बुधवार को शिवपुर में उम्मीद परियोजना के तहत ब्लॉक स्तरीय अंतर्विभागीय समन्वय समिति की तृतीय बैठक आयोजित हुई।

बाल विवाह रोकने को विभागों में बेहतर समन्वय पर जोर
बहराइच 16 सितंबर। बाल विवाह रोकने, किशोर-किशोरियों की शिक्षा को बढ़ावा देने तथा सही उम्र में विवाह एवं गर्भधारण के साथ मातृ-शिशु स्वास्थ्य में सुधार के लिए विभागों के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया गया। बुधवार को शिवपुर में उम्मीद परियोजना के तहत ब्लॉक स्तरीय अंतर्विभागीय समन्वय समिति की तृतीय बैठक आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता खंड विकास अधिकारी आलोक कुमार वर्मा ने की, जबकि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शिवपुर के अधीक्षक डॉ. चंद्रभान राम संयोजक रहे। बैठक में स्वास्थ्य, शिक्षा, पंचायती राज, आईसीडीएस और एनआरएलएम सहित विभिन्न विभागों के प्रतिनिधियों ने स्वास्थ्य सूचकांकों, परिवार नियोजन साधनों की उपलब्धता एवं उपयोग की स्थिति की समीक्षा की। खंड विकास अधिकारी ने बाल विवाह की रोकथाम, बच्चों की शिक्षा को बढ़ावा देने और मातृ-शिशु स्वास्थ्य में सुधार के लिए सभी विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करने तथा जागरूकता संदेश समुदाय तक पहुंचाने पर जोर दिया। पापुलेशन फाउंडेशन ऑफ इंडिया एवं मोबियस फाउंडेशन के वित्तीय सहयोग से संचालित उम्मीद परियोजना के तहत जागरूकता गतिविधियों की जानकारी देते हुए जिला प्रतिनिधि रामबरन यादव ने बताया कि शिवपुर ब्लॉक के 50 गांवों में मोबाइल वैन के माध्यम से बाल विवाह, किशोर-किशोरी स्वास्थ्य, सही उम्र में विवाह, उचित उम्र में गर्भधारण तथा दो बच्चों के बीच उचित अंतराल सहित विभिन्न विषयों पर जागरूकता अभियान चलाने की कार्ययोजना बनाई गई है। बैठक में ‘इतनी भी क्या जल्दी है’ और ‘देश बदलेगा जब मर्द बदलेगा’ अभियान से संबंधित एनिमेटेड फिल्म, जिंगल और रील्स का प्रदर्शन कर कम उम्र में विवाह तथा लैंगिक भूमिकाओं से जुड़े सामाजिक व्यवहार में बदलाव का संदेश दिया गया। इस अवसर पर बाल विवाह रोकने, बच्चों की शिक्षा को बढ़ावा देने तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार के लिए सामूहिक शपथ भी दिलाई गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग, पंचायती राज विभाग, आईसीडीएस, एनआरएलएम, शिक्षा विभाग, पत्रकारों तथा पापुलेशन फाउंडेशन ऑफ इंडिया के जिला प्रतिनिधि मौजूद रहे।




