उत्तर प्रदेश

घर के बरामदे में सो रहे युवक को तेंदुआ उठा ले गया, मौत

झाड़ियों में मिला आधा खाया शव, आंगन में मिले तेंदुए के पगमार्ग; गांव में दहशत

घर के बरामदे में सो रहे युवक को तेंदुआ उठा ले गया, मौत

झाड़ियों में मिला आधा खाया शव, आंगन में मिले तेंदुए के पगमार्ग; गांव में दहशत

 

 

मिहीपुरवा बहराइच ब्यूरो 1 सितंबर।

ककरहा रेंज के अंतर्गत ग्राम पंचायत महबूबनगर में मंगलवार तड़के एक दर्दनाक घटना सामने आई। घर के बरामदे में सो रहे 28 वर्षीय युवक पर तेंदुए ने हमला कर दिया और उसे उठाकर घर के पास स्थित झाड़ियों में ले गया। हमले में युवक की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी।

जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत महबूबनगर निवासी राम सिंह पुत्र मालती प्रसाद, उम्र करीब 28 वर्ष, सोमवार रात अपने घर के बरामदे में सो रहे थे। बताया गया कि मंगलवार करीब तीन बजे तेंदुआ घर के परिसर में पहुंचा और सो रहे राम सिंह पर हमला कर दिया। तेंदुआ उन्हें बरामदे से उठाकर घर के पास स्थित झाड़ियों की ओर ले गया। अचानक हुई इस घटना से परिजनों में चीख-पुकार मच गई।

परिजनों द्वारा राम सिंह की खोजबीन शुरू की गई। काफी तलाश के बाद घर के पास झाड़ियों में उनका आधा खाया हुआ शव पड़ा मिला। शव देखते ही परिवार में कोहराम मच गया। घटना की सूचना तत्काल वन विभाग को दी गई।

सूचना मिलते ही वन विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान घर के आंगन में तेंदुए के पगमार्ग भी पाए गए, जिससे तेंदुए के घर के परिसर तक पहुंचने की पुष्टि हुई। बताया गया कि जिस स्थान पर यह घटना हुई, वह जंगल से करीब 700 मीटर की दूरी पर है।

ग्रामीणों में बढ़ी दहशत

घर के बरामदे से तेंदुए द्वारा युवक को उठाकर ले जाने और उसकी मौत की घटना के बाद आसपास के ग्रामीणों में दहशत फैल गई है। ग्रामीणों को अब रात के समय घरों से बाहर निकलने में भय लग रहा है। लोगों ने वन विभाग से तेंदुए की निगरानी बढ़ाने और उसे पकड़ने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाने की मांग की है।

वन विभाग की टीम घटनास्थल के आसपास तेंदुए की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है। पुलिस एवं वन विभाग की टीमें मौके पर आवश्यक कार्रवाई में जुटी हैं। घटना के बाद क्षेत्र में वन विभाग की सक्रियता बढ़ा दी गई है, ताकि तेंदुए के दोबारा आबादी वाले क्षेत्र में आने की स्थिति में समय रहते कार्रवाई की जा सके।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Click to listen highlighted text!
error: Content is protected !!