ट्रैप कार्रवाई से पहले निष्पक्ष जांच की मांग, लेखपाल संघ ने मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन
मिहींपुरवा बहराइच ब्यूरो 22 अगस्त। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की मिहींपुरवा तहसील इकाई ने एंटी करप्शन एवं विजिलेंस टीम की कार्रवाई को लेकर मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा

ट्रैप कार्रवाई से पहले निष्पक्ष जांच की मांग, लेखपाल संघ ने मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन
मिहींपुरवा बहराइच ब्यूरो 22 अगस्त।
उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की मिहींपुरवा तहसील इकाई ने एंटी करप्शन एवं विजिलेंस टीम की कार्रवाई को लेकर मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है। संघ ने मांग की है कि लेखपालों के खिलाफ भ्रष्टाचार संबंधी शिकायतों में सीधे ट्रैप कार्रवाई करने के बजाय पहले तथ्यों की निष्पक्ष जांच कराई जाए। संघ का आरोप है कि प्राथमिक जांच के बिना होने वाली कार्रवाई से लेखपालों में भय और असुरक्षा का माहौल उत्पन्न हो रहा है। संघ पदाधिकारियों ने कहा कि लेखपाल राजस्व विभाग की महत्वपूर्ण कड़ी हैं और ग्रामीण क्षेत्रों में राजस्व कार्यों के साथ शासन की विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन में भी जिम्मेदारी निभाते हैं। भूमि विवाद, पैमाइश, अतिक्रमण सहित विभिन्न मामलों में कई बार उन पर नियमों के विपरीत कार्य करने का दबाव बनाया जाता है। ऐसे में किसी शिकायत पर कार्रवाई से पूर्व वास्तविक तथ्यों की जांच आवश्यक है। ज्ञापन में 20 अगस्त 2026 को अयोध्या जनपद की सोहावल तहसील में लेखपाल उत्कर्ष दीप से जुड़ी घटना का भी उल्लेख किया गया। संघ ने इस घटना पर नाराजगी जताते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं से कर्मचारियों में मानसिक तनाव बढ़ता है और असुरक्षा की भावना पैदा होती है। लेखपाल संघ ने स्पष्ट किया कि वह भ्रष्टाचार का समर्थन नहीं करता। यदि कोई कर्मचारी रिश्वत मांगता या लेते हुए पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन शिकायतों की निष्पक्ष जांच और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए। ज्ञापन देने वालों में तहसील अध्यक्ष मुकेश कुमार, मंत्री रवि वर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष उपकार मिश्रा, विमलेश यादव, कनिष्ठ उपाध्यक्ष संदीप कमल, उपमंत्री संजय सिंह, कोषाध्यक्ष आकाश कुमार वर्मा, संरक्षक हेमंत श्रीवास्तव सहित अन्य पदाधिकारी एवं लेखपाल शामिल रहे।




